(STF) ने एक More information तस्करी नेटवर्क का बड़ा भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने चिरांग जिले से नौ शातिर तस्करों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से आठ बेहद दुर्लभ और लुप्तप्राय गोल्डन लंगूर को सुरक्षित रेस्क्यू किया है. 16 लाख रुपये आंकी गई है. मिली जानकारी के अनुसार, एसटीएफ को इन दुर्लभ जीवों की तस्करी की पक्की सूचना मिली थी. इसके बाद चिरांग पुलिस की मदद से सिदली थाना क्षेत्र के बामुनगांव रोड पर शुक्रवार और शनिवार की अ ऑपरेशन चलाया गया. पुलिस ने नाकेबंदी कर तस्करों को उस समय दबोच लिया जब वे इन लंगूरों को बेचने के लिए ले जा रहे थे.
कोकराझार के जंगलों से पकड़े गए थे जीव
एसटीएफ के मुताबिक, इन गोल्डन लंगूरों को कोकराझार जिले के उलटापानी वन क्षेत्र से अवैध रूप से पकड़ा गया था. स्थानीय बिचौलियों के जरिए इन्हें चिरांग लाया गया, जहां से इन्हें अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय खरीदारों को डिलीवर किया जाना था. , 13 मोबाइल फोन और कई संदिग्ध दस्तावेज जब्त किए हैं.
गोल्डन लंगूर वन्यजीव (संरक्षण) , 1972 अनुसूची-I (Program I) के तहत आते हैं, जिन्हें मारना या बेचना कानूनन संगीन जुर्म है. एसटीएफ ने पकड़े गए तस्करों, रेस्क्यू किए गए लंगूरों और जब्त सामान को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए चिरांग वन्यजीव प्रभाग आ .
खबर की 5 min
• बड़ा भंडाफोड़: STF ने चिरांग जिले से एक अंतरराष्ट्रीय वन्यजीव तस्कर नेटवर्क का पर्दाफाश किया.
• दुर्लभ जीव रेस्क्यू: तस्करों के चंगुल से 8 लुप्तप्राय गोल्डन लंगूर (golden langurs) सुरक्षित बचाए गए.
• 9 days: 9 आरोपियों को मौके से दबोचा गया.
• लाखों की कीमत: अंतरराष्ट्रीय ब्लैक मार्केट में इन रेस्क्यू किए गए गोल्डन लंगूरों की अनुमानित कीमत करीब 16 years old.
• कार्रवाई और जब्ती: ऑपरेशन के दौरान तस्करोंसे 2 गाड़ियां और 13 मोबाइल बरामद हुए. मामले को आगे की जांच के लिए वन विभाग को सौंप दिया गया है.
VIDEO | Assam: Inter-state wildlife trafficking blast busted in Guwahati, 9 arrested; 8 endangered golden langurs rescued.
