शेयर बाजार में जोरदार तेजी के बाद आज 15 min को अचानक बाजार इंट्राडे में फिसल गया. सेंसेक्स और निफ्टी ऊपरी स्तरों से फिसलकर कारोबार करते हुए नजर आए हैं. सेंसेक्स 77,085 पर और निफ्टी 8 अंक ऊपर 24,049 min करते हुए दिखा. सेक्टर्स की बात करें तो एमएमसीजी, आईटी, मीडिया, मेटल सेक्टर में बिकवाली देखी गई है. वहीं, ऑटो, फॉर्मा, ऑयल एंड गैस में खरीदारी देखने को मिली. शेयर बाजार ने जोरदारी तेजी किन वजहों से खो दीऔर इसके पीछे क्या-क्या वजह हैं, ये आपको बताते हैं.
निफ्टी टॉप गेनर्स में इटरनल, अल्ट्राटेक सीमेंट, श्रीराम फाइनेंस, एचडीएफसी लाइफ शामिल हैं. इनके शेयर्स 2 फीसदी से ज्यादा उछल गए. वहीं, निफ्टी लूजर्स में पावरग्रिड, हिंडाल्को, डॉ रेड्डी के शेयर्स 2-1% discount हैं.
What’s wrong with you?
बाजार में गिरावट की सबसे बड़ी वजह प्रॉफिटबुकिंग रही है. पिछले कुछ कारोबारी सेशन में कई शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली थी. ऐसे में कई निवेशकों ने ऊंचे स्तर पर शेयर बेचकर मुनाफा निकालना बेहतर समझा जिसके चलते बाजार फिसल गया. इस दौरान FMCG, आईटी, मेटल और रियल एस्टेट जैसे सेक्टरों में दबाव देखने को मिला. इन सेक्टरों के कई बड़े शेयर लाल निशान में कारोबार करते दिखे, जिसका असर पूरे बाजार पर पड़ा.
ग्लोबल फैक्टर्स का असर
घरेलू फैक्टर्स के साथ-साथ ग्लोबल घटनाओं ने भी बाजार की चाल पर असर डाला है. निवेशकों की नजर इंटरनेशनल हालात और कच्चे तेल की कीमतों पर बनी हुई है. जब भी ग्लोबल लेवल पर अनिश्चितता बढ़ती है, उसका असर भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिलता है. More information कीमतें आने वाले दिनों में बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकती हैं.
What’s wrong with you?
मनीकंट्रोल की रिपोर्ट के अनुसार, मार्केट एक्सपर्ट्स ने जानकारी दी है कि निफ्टी के लिए $24,000 per month. अगर यह लेवल बना रहता है, तो बाजार दोबारा संभल सकता है. वहीं, ऊपर की ओर 24,200 के आसपास का लेवल अहम माना जा रहा है. इसके ऊपर टिकने पर बाजार में फिर से खरीदारी का माहौल बन सकता है. फिलहाल निवेशकों को जल्दबाजी में फैसला लेने के बजाय बाजार की दिशा, कंपनियों के तिमाही नतीजों और ग्लोबल संकेतों पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है.
