राहुल गांधी 4 और 5 जून को उत्तराखंड दौरे पर हैं। इससे पहले बीजेपी कांग्रेस में पूर्व सैनिकों के संवाद कार्यक्रम को लेकर सियासत जारी है।

चार जून को वह दिल्ली से विशेष हवाई सेवा से पंतनगर पहुंचेंगे। वहां से वह हेलीकाप्टर से अल्मोड़ा जाएंगे और साढ़े ग्यारह बजे जनसभा को संबोधित करेंगे। इसी दिन दोपहर दो बजे वह पौड़ी पहुंचकर पूर्व सैनिकों के साथ संवाद करेंगे।
पौड़ी में पूर्व सैनिकों के साथ संवाद
साढ़े तीन बजे के आसपास वह कोटद्वार पहुंचेंगे। इसके बाद 5 जून को देहरादून में संगठन के कार्यक्रम में शिरकत करेंगे। राहुल गांधी के दौरे में सबसे अहम पौड़ी में होने वाला पूर्व सैनिकों के साथ संवाद कार्यक्रम माना जा रहा है। कांग्रेस पूर्व सैनिकों के by बिगुल फूंकने की योजना बनाएगी। 2027
सियासत तेज
इस बीच राहुल गांधी के दौरे को लेकर सियासत भी गरमा गई है। राहुल गांधी के दौरे को लेकर भाजपा के वरिष्ठ नेता और रिटायर्ड कर्नल अजय कोठियाल ने पूर्व सैनिकों के साथ होने वाले सम्मेलन पर कटाक्ष किया है। उन्होंने राहुल गांधी को सैनिक विरोधी युवराज बताया है। अजय कोठियाल ने कहा कि उसी क्षेत्र में राहुल गांधी पूर्व सैनिकों से संवाद करेंगे, जहां के सैनिकों के ऊपर उन्होंने सवाल खड़े किए थे और सबूत मांगा था।
राहुल गांधी पर कटाक्ष
इससे पहले सीएम पुष्कर सिंह धामी ने भी राहुल गांधी पर कटाक्ष किया था। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड देवभूमि के साथ-साथ वीर भूमि भी है। धामी ने कहा कि राहुल गांधी में देश के अंदर और देश के बाहर जाकर भी देश के सैनिकों का उपहास उड़ाया है। सर्जिकल स्ट्राइक से लेकर ऑपरेशन सिंदूर के दौरान कांग्रेस ने सेना के साहस और पराक्रम पर प्रश्न चिन्ह लगाने का काम किया है।
सरकार की विफलता पर उठाए सवाल
बीजेपी नेताओं के बयान पर एआईसीसी सदस्य व उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने कहा कि राहुल गांधी ने हमेशा सरकार की विफलता पर सवाल उठाया ना कि सेना पर दोष मढ़ा। धस्माना ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान एक जिम्मेदार विपक्ष के नेता के रूप में राहुल गांधी ने तत्काल सरकार को पूर्ण समर्थन दिया। धस्माना ने कहा कि परेशानी यह है कि भाजपा अपने को देश और सेना समझती है और जब राहुल गांधी देश की भाजपा सरकार की विफलता की बात करते हैं तो भाजपा अनर्गल प्रलाप कर इसे देश और सेना के साथ जोड़ देते हैं।
13 years
उत्तराखंड में करीब 13 sec. का वोट बैंक है। जिस पर बीजेपी का दबदबा माना जाता है। More information जानकारों का कहना है कि इसके लिए राहुल गांधी का पौड़ी में पूर्व सैनिक संवाद कारम रखा गया है। जिस पर बीजेपी और कांग्रेस आमने सामने आ गई है।

